किसान भाइयों, सरसों के टुडे मंडी भाव में आज जबरदस्त हलचल देखने को मिली है! गुजरात की उंझा मंडी में लेटेस्ट मंडी प्राइस ऊंचाई पर पहुंचे, जबकि दियोदर मंडी में कीमतें स्थिर बनी रहीं। हरियाणा की बाबैन मंडी में किसानों को उम्मीद से ज्यादा लाभ हुआ, वहीं राजस्थान की लालसोट मंडी में भारी आवक के बावजूद दामों में संतुलन बना रहा। ओसियां मथानिया मंडी में आवक कम रहने से वहां के भाव कुछ खास नहीं बदले, लेकिन कुछ व्यापारियों को अच्छे सौदे मिलते दिखे। अब सवाल यह है – कहां किसानों को मिल रहा है सबसे ज्यादा फायदा और कहां पर बाजार थोड़ा सुस्त है? पूरी जानकारी के लिए आगे पढ़ें…
दियोदर मंडी में सरसों का भाव: दियोदर मंडी में आज सरसों की कुल आवक 10 टन रही। यहां सरसों की न्यूनतम कीमत ₹5000 प्रति क्विंटल और अधिकतम कीमत ₹5300 प्रति क्विंटल रही। मॉडल कीमत ₹5050 प्रति क्विंटल दर्ज की गई। गुजरात में सरसों की आवक मध्यम रही, जिससे कीमतें स्थिर बनी हुई हैं।
उंझा मंडी में सरसों का भाव: उंझा मंडी में आज सरसों की कुल आवक 44.98 टन रही। यहां सरसों की न्यूनतम कीमत ₹5005 प्रति क्विंटल और अधिकतम कीमत ₹5985 प्रति क्विंटल दर्ज की गई। मॉडल कीमत ₹5375 प्रति क्विंटल रही। इस मंडी में सरसों की उच्चतम कीमत ₹5985 तक पहुंची, जिससे यह मंडी व्यापारियों के लिए महत्वपूर्ण बनी हुई है।
बाबैन मंडी में सरसों का भाव: बाबैन मंडी में आज सरसों की कुल आवक 0.55 टन रही। यहां सरसों की न्यूनतम कीमत ₹5950 प्रति क्विंटल और अधिकतम कीमत ₹7240 प्रति क्विंटल रही। मॉडल कीमत ₹6500 प्रति क्विंटल रही। इस मंडी में सरसों की कीमतें अन्य मंडियों की तुलना में अधिक रहीं, जिससे यह किसानों के लिए आकर्षक बाजार साबित हो रही है।
राजस्थान में सरसों का मंडी भाव:
लालसोट मंडी में सरसों का भाव: लालसोट मंडी में आज अन्य किस्म की सरसों की कुल आवक 300.5 टन रही। यहां सरसों की न्यूनतम कीमत ₹5250 प्रति क्विंटल और अधिकतम कीमत ₹5910 प्रति क्विंटल रही। मॉडल कीमत ₹5700 प्रति क्विंटल दर्ज की गई। राजस्थान की इस प्रमुख मंडी में सरसों की भारी आवक देखने को मिली, जिससे यहां की कीमतें स्थिर बनी हुई हैं।
ओसियां मथानिया मंडी में सरसों का भाव: ओसियां मथानिया मंडी में आज अन्य किस्म की सरसों की कुल आवक 1.2 टन रही। यहां सरसों की न्यूनतम कीमत ₹5200 प्रति क्विंटल और अधिकतम कीमत ₹5600 प्रति क्विंटल रही। मॉडल कीमत ₹5400 प्रति क्विंटल रही। इस मंडी में सरसों की आवक कम रही, जिससे यहां कीमतें संतुलित बनी हुई हैं।
किसानों के लिए सुझाव:
किसानों को सलाह दी जाती है कि वे अपनी उपज बेचने से पहले अपने क्षेत्र की मंडियों के ताजा भावों पर नजर रखें और अधिकतम लाभ प्राप्त करने की योजना बनाएं।
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